चैत्र नवरात्रि 2025 की शुरुआत हो चुकी है। पहले दिन मां शैलपुत्री की विधिपूर्वक पूजा-अर्चना की गई। देशभर के मंदिरों में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा, जहां भक्तगण “जय माता दी” के जयकारों से माहौल को भक्तिमय बना रहे हैं। श्रद्धा और भक्ति से सराबोर मंदिरों में दीपों की जगमगाहट और फूलों की सजावट ने आध्यात्मिक वातावरण बना दिया है।
शक्ति पीठों में भक्तों की भारी भीड़
चैत्र नवरात्रि के अवसर पर देश के प्रमुख शक्ति पीठों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव स्थित डोंगरगढ़ के मां बम्लेश्वरी मंदिर में भक्तों का तांता लगा हुआ है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए रेलवे ने 10 से अधिक ट्रेनों का ठहराव बढ़ा दिया है, जिससे भक्तों को यात्रा में आसानी होगी। इसी तरह, बस्तर का प्रसिद्ध मां दंतेश्वरी मंदिर भी आस्था का केंद्र बना हुआ है। यहां नवरात्रि के दौरान दीप प्रज्ज्वलन के लिए सैकड़ों श्रद्धालु ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करवा चुके हैं।
600 साल पुराना मां दंतेश्वरी मंदिर
बस्तर स्थित मां दंतेश्वरी मंदिर केवल धार्मिक स्थल ही नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और सामाजिक सद्भाव का प्रतीक भी है। यह मंदिर लगभग 600 साल पुराना है और इसकी स्थापना 14वीं शताब्दी में चालुक्य राजाओं द्वारा की गई थी। नवरात्रि के दौरान यहां हजारों भक्त दर्शन और दीप प्रज्ज्वलन के लिए आते हैं। मंदिर प्रशासन ने ज्योति कलश भवन में विशेष व्यवस्थाएं की हैं ताकि दीप प्रज्ज्वलन की परंपरा निर्विघ्न संपन्न हो सके। अब तक 4,500 से अधिक ज्योति कलश प्रज्ज्वलित करने के लिए रसीदें जारी हो चुकी हैं, जिनमें कई नेता और अधिकारी भी शामिल हैं।
घटस्थापना का शुभ मुहूर्त
इस वर्ष नवरात्रि की कलश स्थापना (Kalash Sthapana) के लिए दो शुभ मुहूर्त निर्धारित किए गए हैं:
- सुबह: 6:13 बजे से 10:22 बजे तक।
- दोपहर: 12:01 बजे से 12:50 बजे तक।
डोंगरगढ़ में बढ़ा ट्रेनों का ठहराव
छत्तीसगढ़ में नवरात्रि के अवसर पर डोंगरगढ़ जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए रेलवे ने विशेष व्यवस्था की है। इस बार हर 3 घंटे में डोंगरगढ़ के लिए ट्रेन उपलब्ध होगी। रेलवे प्रशासन ने 10 से अधिक एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव का निर्णय लिया है, जिससे यात्रियों को अधिक सुविधा मिलेगी।
डोंगरगढ़ में ठहरने वाली प्रमुख ट्रेनें:
- बिलासपुर-भगत की कोठी एक्सप्रेस
- बिलासपुर-बीकानेर एक्सप्रेस
- बिलासपुर-चेन्नई एक्सप्रेस
- बिलासपुर-पुणे एक्सप्रेस
- रायपुर-सिकंदराबाद एक्सप्रेस
उत्सव की भव्यता और प्रशासनिक तैयारियां
बस्तर दशहरा और मां दंतेश्वरी मंदिर की विशेष मान्यता के चलते प्रशासन ने भी पूरी तैयारी कर ली है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
चैत्र नवरात्रि केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि शक्ति, भक्ति और आस्था का प्रतीक है। देशभर के मंदिरों में भक्तों का उत्साह चरम पर है और प्रशासन हर संभव सुविधा देने के लिए तत्पर है।










