65 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने किया स्नान, आज अंतिम दिन उमड़ेगी भारी भीड़
प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ 2025 के अंतिम स्नान पर्व पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। बुधवार सुबह 6 बजे तक 41.11 लाख लोग संगम में स्नान कर चुके हैं। महाशिवरात्रि पर्व के साथ ही 45 दिनों तक चले इस महाकुंभ का समापन होगा।
66-67 करोड़ तक पहुंच सकता है कुल श्रद्धालुओं का आंकड़ा
महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर अतिरिक्त 3 करोड़ श्रद्धालुओं के संगम पहुंचने की संभावना जताई गई है, जिससे कुल संख्या 66 से 67 करोड़ तक पहुंच सकती है। बीते 44 दिनों में ही 65 करोड़ श्रद्धालु पवित्र स्नान कर चुके हैं।

संगम में उमड़ी भीड़, कई देशों की जनसंख्या से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे
त्रिवेणी संगम में स्नान करने वालों की संख्या दुनिया के 193 देशों की कुल जनसंख्या से अधिक हो चुकी है। केवल भारत और चीन की आबादी ही इस संख्या से अधिक है। योगी सरकार का दावा है कि इस महाकुंभ में दुनियाभर के हिंदुओं की आधी आबादी के बराबर श्रद्धालु शामिल हुए हैं।
यातायात प्रतिबंध, संगम मार्गों पर कड़ी व्यवस्था
महाकुंभ के अंतिम स्नान को देखते हुए मंगलवार शाम से प्रयागराज में वाहनों की नो-एंट्री लागू कर दी गई है। रातभर से संगम जाने वाले मार्गों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। सुरक्षा के मद्देनजर स्नान के बाद घाटों को जल्द खाली कराया जा रहा है, ताकि भीड़ नियंत्रित बनी रहे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रख रहे व्यवस्था पर नजर
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखनाथ मंदिर स्थित कंट्रोल रूम से महाकुंभ की व्यवस्थाओं पर सीधी निगरानी रख रहे हैं। प्रशासन द्वारा सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को लेकर कड़े इंतजाम किए गए हैं।
संगम के पास शिव मंदिरों में उमड़ी भीड़
महाकुंभ के दौरान संगम के पास स्थित शिव मंदिरों में भी भारी भीड़ देखने को मिल रही है। श्रद्धालु भगवान शिव की आराधना के लिए बड़ी संख्या में मंदिरों में दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने दी महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर सभी श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा,
“महाकुंभ 2025 में भगवान भोलेनाथ की उपासना को समर्पित महाशिवरात्रि स्नान पर्व पर त्रिवेणी संगम में आस्था की डुबकी लगाने पधारे सभी पूज्य संतों, कल्पवासियों एवं श्रद्धालुओं का अभिनंदन। त्रिभुवनपति भगवान शिव एवं पुण्य सलिला मां गंगा सभी का कल्याण करें। हर हर महादेव!”
महाकुंभ 2025: ऐतिहासिक आस्था का संगम
हर 12 साल में आयोजित होने वाला महाकुंभ विश्व का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन माना जाता है। इस बार भी करोड़ों श्रद्धालुओं की भागीदारी ने इसे ऐतिहासिक बना दिया है। महाशिवरात्रि के साथ महाकुंभ का समापन होगा, लेकिन श्रद्धालुओं की आस्था की गूंज लंबे समय तक सुनाई देती रहेगी।









