रायपुर/छत्तीसगढ़
रायपुर/चंदखुरी स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस राज्य पुलिस अकादमी एक बार फिर ऐतिहासिक पल का साक्षी बना, जब उप निरीक्षक संवर्ग का भव्य दीक्षांत समारोह पूरे शौर्य, अनुशासन और जोश के साथ आयोजित हुआ।
मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जैसे ही परेड का निरीक्षण किया, पूरा मैदान तालियों की गूंज से भर उठा। कदम से कदम मिलाकर चल रहे प्रशिक्षुओं की दमदार प्रस्तुति ने सभी का दिल जीत लिया।
इस खास मौके पर कुल 859 प्रशिक्षु—जिनमें अधिकारी, सूबेदार, उप निरीक्षक और प्लाटून कमांडर शामिल हैं—ने सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूरा कर पुलिस सेवा में कदम रखा। यह सिर्फ एक दीक्षांत समारोह नहीं, बल्कि प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
अपने संबोधन में विष्णुदेव साय ने साफ कहा कि “आपकी वर्दी सिर्फ पहचान नहीं, बल्कि जनता के विश्वास की जिम्मेदारी है।” उन्होंने नए अधिकारियों को अनुशासन, निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य करने का संदेश दिया।
इस समारोह में एक नाम खास तौर पर चर्चा में रहा—सब-इंस्पेक्टर दीपशिखा सिन्हा, पिता भोला राम सिन्हा, निवासी चिखली, जिला राजनांदगांव। उनकी उपलब्धि ने न सिर्फ परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित कर दिया।
कार्यक्रम में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों, प्रशिक्षकों, परिजनों और स्थानीय नागरिकों की बड़ी उपस्थिति ने इसे एक जन-गौरव के आयोजन में बदल दिया।
चंदखुरी की इस ऐतिहासिक पासिंग आउट परेड ने यह साबित कर दिया कि छत्तीसगढ़ की नई पुलिस फोर्स पूरी तरह तैयार है—हर चुनौती से निपटने और जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए।








