सर्जरी सेवाएं ठप, जान जोखिम में डाल रहे गरीब मरीज
रायपुर स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर स्मृति अस्पताल, जिसे आमतौर पर मेकाहारा के नाम से जाना जाता है, के एडवांस कार्डियक इंस्टिट्यूट में बीते कई महीनों से ओपन हार्ट और बायपास सर्जरी जैसी अत्यंत महत्वपूर्ण सेवाएं बंद हैं। इसके चलते गंभीर हृदय रोग से जूझ रहे गरीब और मध्यमवर्गीय मरीज इलाज से वंचित हैं।
निजी अस्पतालों में इलाज की मजबूरी, कई मरीजों की मौत
सरकारी संस्थान की निष्क्रियता के कारण मरीजों को मजबूरी में निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ रहा है, जहां इलाज की लागत उनकी पहुंच से बाहर है। सूत्रों के अनुसार, कतार में खड़े कई मरीज महीनों से केवल तारीखें बटोर रहे हैं, जबकि कुछ को समय पर इलाज नहीं मिलने से जान गंवानी पड़ी है।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल को पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने लिखा:
“यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि राज्य के सबसे बड़े सरकारी हृदय संस्थान में सर्जरी सेवाएं बंद हैं और मरीज इलाज के अभाव में दम तोड़ रहे हैं।”
प्रशासनिक लापरवाही पर उठाए सवाल, उच्च स्तरीय बैठक की मांग
सांसद अग्रवाल ने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि इस विषय को पहले भी कई मंचों पर उठाया गया है, लेकिन न तो स्वशासी परिषद और न ही स्वास्थ्य विभाग ने कोई ठोस कार्रवाई की। उन्होंने मुख्यमंत्री से इस विषय पर स्वयं संज्ञान लेने और वरिष्ठ अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक बुलाने की मांग की है।
सरकार पर चौतरफा दबाव, विपक्ष को मिला मुद्दा
प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर पहले से ही सवाल उठ रहे थे, लेकिन अब खुद सत्तारूढ़ पार्टी के वरिष्ठ सांसद द्वारा इस मुद्दे को उठाने से सरकार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। विपक्ष पहले से ही इस अव्यवस्था को लेकर सरकार पर हमलावर है और अब यह मामला सीधे शासन की संवेदनशीलता और कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है।









