AI Traffic Monitoring : दिल्ली में सड़क हादसों में 50% कमी के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से निगरानी बढ़ाई जाएगी

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दिल्ली में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों को कम करने के लिए आर्टिफिशल इंटेलिजेंस यानी AI आधारित कैमरे से मॉनिटरिंग बढ़ाई जाएगी. दिल्ली सरकार ने 2030 तक सड़क हादसों में 50 फ़ीसदी की कमी लाने की तैयारी कर ली है. इसी के मद्देनजर दिल्ली सचिवालय में बैठक ली गई. बैठक में रोड सेफ्टी वर्क प्लान के तहत सड़क हादसों में 50 फीसदी कम करने का टारगेट रखते हुए रोड मैप तैयार किया गया. आपको बता दे कि दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉक्टर पंकज कुमार सिंह ने ये बैठक ली,इसमें सभी प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे.

2030 का रोड सेफ्टी का प्लान

राजधानी में सुरक्षित स्कूल जोन बनाने और सभी राज्यों पर ब्लैक स्पॉट हटाना इस बैठक का मुख्य एजेंडा रहा. दिल्ली सचिवालय में स्टेट रोड सेफ्टी काउंसिल की बैठक को सड़क सुरक्षा के हेतु समीक्षा बैठक भी माना जा रहा है. बैठक में सड़कों पर पैदल चलने वाले यात्रियों, साइकिल सवारों, स्कूली बच्चों की सुरक्षा जैसे संवेदनशील मुद्दों पर विशेष जोर दिया गया. काउंसिल के सदस्यों ने नॉन मोटराइज्ड व्हीकल जैसे साइकिल, रिक्शा की सुरक्षा पर जोर दिया. साथ हीं पहले चरण में दिल्ली के 100 स्कूलों में स्कूल जोन विकसित करने पर भी जोर दिया. इसके दिल्ली शिक्षा निदेशालय के सभी स्कूलों में रोड सेफ्टी क्लब का गठन कर सक्रिय रूप से इसे लागू किया जायेगा.

दिल्ली में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों को कम करने के लिए आर्टिफिशल इंटेलिजेंस यानी AI आधारित कैमरे से मॉनिटरिंग बढ़ाई जाएगी. दिल्ली सरकार ने 2030 तक सड़क हादसों में 50 फ़ीसदी की कमी लाने की तैयारी कर ली है. इसी के मद्देनजर दिल्ली सचिवालय में बैठक ली गई. बैठक में रोड सेफ्टी वर्क प्लान के तहत सड़क हादसों में 50 फीसदी कम करने का टारगेट रखते हुए रोड मैप तैयार किया गया. आपको बता दे कि दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉक्टर पंकज कुमार सिंह ने ये बैठक ली,इसमें सभी प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे.

2030 का रोड सेफ्टी का प्लान

राजधानी में सुरक्षित स्कूल जोन बनाने और सभी राज्यों पर ब्लैक स्पॉट हटाना इस बैठक का मुख्य एजेंडा रहा. दिल्ली सचिवालय में स्टेट रोड सेफ्टी काउंसिल की बैठक को सड़क सुरक्षा के हेतु समीक्षा बैठक भी माना जा रहा है. बैठक में सड़कों पर पैदल चलने वाले यात्रियों, साइकिल सवारों, स्कूली बच्चों की सुरक्षा जैसे संवेदनशील मुद्दों पर विशेष जोर दिया गया. काउंसिल के सदस्यों ने नॉन मोटराइज्ड व्हीकल जैसे साइकिल, रिक्शा की सुरक्षा पर जोर दिया. साथ हीं पहले चरण में दिल्ली के 100 स्कूलों में स्कूल जोन विकसित करने पर भी जोर दिया. इसके दिल्ली शिक्षा निदेशालय के सभी स्कूलों में रोड सेफ्टी क्लब का गठन कर सक्रिय रूप से इसे लागू किया जायेगा.

सड़क हादसों मे घायल पीड़ितों को सुविधाजनक इलाज

रोड सेफ्टी काउंसिल ने सड़क हादसे में घायल होने वाले पीड़ितों की सहायता योजना की भी समीक्षा की. सड़क दुर्घटना के पीड़ितों के लिए कैशलैस ट्रीटमेंट स्कीम, गंभीर रूप से घायल होने के मामलों के लिए हिट एंड रन स्कीम और राह-वीर स्कीम शामिल है. इस दौरान ट्रांसपोर्ट मंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि ब्लैक स्पॉट को चिन्हित कर उन्हें ठीक करने, सेफ स्कूल जोन, तकनीक आधारित निगरानी प्रणाली विकसित करने पर सरकार का विशेष फोकस रहेगा.

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