कोरबा/पाली :- पेड़-पौधों से मिलने वाली ऑक्सीजन ही हमारे जीवन की सबसे बड़ी आवश्यकता है। यही कारण है कि हरियाली को बचाए रखना और बढ़ाना आज समय की मांग बन गया है। इसी उद्देश्य से वन विभाग ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए पाली नर्सरी से निशुल्क पौधा वितरण अभियान शुरू किया है।
पाली वन परिक्षेत्राधिकारी संजय लकड़ा ने बताया कि सरकारी संस्थानों को उनकी आवश्यकता अनुसार मुफ्त पौधे दिए जा रहे हैं, वहीं गैर-सरकारी संस्थाओं और छात्र-छात्राओं को भी उनके पहचान पत्र पर निशुल्क पौधे उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इन पौधों में आंवला, बेल, चार, करंज, नीम, आम और नींबू सहित करीब 20 प्रजातियों के फलदार और छायादार पेड़ शामिल हैं।
वन विभाग ने “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत भी बड़े स्तर पर पौधारोपण किया है। इसके साथ ही प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी किसान वृक्ष मित्र योजना का भी क्रियान्वयन तेज गति से किया जा रहा है। इस योजना के तहत किसानों की खाली पड़ी जमीनों पर पौधारोपण किया जाएगा, जिससे उन्हें अतिरिक्त आय के साथ-साथ गांव-गांव हरियाली भी मिलेगी।
वन परिक्षेत्राधिकारी संजय लकड़ा का कहना है कि—
“पेड़-पौधे हमारे जीवन का आधार हैं। इच्छाशक्ति और जिम्मेदारी के साथ पौधारोपण व संरक्षण किया जाए, तो हरियाली का सपना साकार करना मुश्किल नहीं।”
उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपने परिवार के छोटे-बड़े समारोहों और त्योहारों में पौधों का वितरण व रोपण करने की परंपरा विकसित करें। साथ ही लगाए गए पौधों की देखभाल भी जिम्मेदारी से करें।
वन विभाग का मानना है कि इस अभियान से न केवल पर्यावरण संरक्षण होगा, बल्कि प्रदूषण कम करने और क्षेत्र में हरियाली बढ़ाने का भी व्यापक लाभ मिलेगा।









