पत्थलगांव/जशपुर। विशेष रिपोर्ट।
ढाबे के पीछे आधी रात चल रहा था जुए का खेल, मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की कार्रवाई; छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज
पत्थलगांव/जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के पत्थलगांव क्षेत्र में जुए के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने कथित पत्रकार हरी जायसवाल सहित नौ लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, सभी आरोपी ग्राम मुड़ापारा स्थित एक ढाबे के पीछे कथित तौर पर जुआ खेल रहे थे। मौके से पुलिस ने ₹63,470 नकद और ताश की गड्डी जब्त की है। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल है।
आधी रात ढाबे के पीछे चल रहा था जुए का खेल
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसामें एक ढाबे के पीछे जुआ खेले जाने की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पत्थलगांव पुलिस ने मौके पर दबिश दी। पुलिस की अचानक कार्रवाई के दौरान वहां मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मौके से कुल नौ लोगों को पकड़ लिया।
गिरफ्तार लोगों में पाकरगांव निवासी 36 वर्षीय हरी जायसवाल भी शामिल हैं, जिन्हें उपलब्ध जानकारी में पत्रकार बताया गया है। हालांकि, इस मामले में उनकी गिरफ्तारी का उल्लेख पुलिस कार्रवाई के संदर्भ में है; आरोपों के संबंध में अंतिम निर्णय न्यायालय द्वारा किया जाएगा।
₹63,470 नकद और ताश की गड्डी जब्त
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कथित जुआ फड़ से ₹63,470 नकद और ताश की गड्डी जब्त की। पुलिस ने सभी नौ आरोपियों के खिलाफ थाना पत्थलगांव में छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम की धारा 3(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।

गिरफ्तार आरोपियों की सूची
पुलिस की कार्रवाई में पकड़े गए लोगों के नाम इस प्रकार बताए गए हैं:
हरी जायसवाल, उम्र 36 वर्ष, निवासी पाकरगांव।
मुकेश यादव, उम्र 45 वर्ष, निवासी मुड़ापारा।
शरद बेहरा, उम्र 38 वर्ष, निवासी पाकरगांव।
धनुमणि यादव, उम्र 39 वर्ष, निवासी पाकरगांव।
मधुसूदन यादव, उम्र 38 वर्ष, निवासी करंगाबहाल।
मोहम्मद फुल हसन, उम्र 24 वर्ष, निवासी मुड़ापारा।
घनश्याम यादव, उम्र 32 वर्ष, निवासी कछार।
दीपक बेहरा, उम्र 34 वर्ष, निवासी पाकरगांव।
मनोज अम्बस्त, उम्र 45 वर्ष, निवासी पाकरगांव।
कानून सबके लिए बराबर, पुलिस की कार्रवाई से स्पष्ट संदेश
पत्रकारिता को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ माना जाता है। ऐसे में पत्रकारिता से जुड़े किसी व्यक्ति का नाम यदि किसी कथित अवैध गतिविधि में सामने आता है, तो मामला स्वाभाविक रूप से चर्चा का विषय बनता है। हालांकि, किसी भी व्यक्ति के विरुद्ध लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही मानी जानी चाहिए।
इस कार्रवाई को लेकर पुलिस का संदेश स्पष्ट है कि कानून का पालन सभी के लिए अनिवार्य है और किसी भी व्यक्ति को उसके पद, पहचान या पेशे के आधार पर कानून से छूट नहीं मिल सकती।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में कार्रवाई
प्राप्त जानकारी के अनुसार, डीआईजी एवं एसएसपी जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन तथा एसडीओपी डॉ. ध्रुवेश जायसवाल के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र ताम्रकार और उनकी टीम ने यह कार्रवाई की।
पुलिस की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध जुआ गतिविधियों पर अंकुश लगाने की उम्मीद जताई जा रही है। अब मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई पुलिस और न्यायिक प्रक्रिया के तहत होगी।







