नई दिल्ली। 10 नवंबर की शाम करीब 6:50 बजे नई दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन (गेट नंबर-1) के पास पार्क की गई एक Hyundai i20 कार में हुए जोरदार विस्फोट ने राजधानी को दहला दिया। विस्फोट में कई वाहन जलकर खाक हो गए और शुरुआती आधिकारिक सूचनाओं के अनुसार कई नागरिकों की जान चली गई तथा दर्जनों लोग घायल हुए।
जांच में अमोनियम नाइट्रेट के उपयोग के संकेत
पुलिस व फॉरेंसिक टीमों की प्रारंभिक जांच में यह संकेत मिले हैं कि विस्फोट में अमोनियम नाइट्रेट जैसे उच्च-प्रभावक पदार्थ का प्रयोग हुआ था। वहीं फरीदाबाद में की गई तलाशी और बरामदगी के बाद मिली बड़ी खेप से भी इस बात की पुष्टि के सुर मिल रहे हैं।
फरीदाबाद रैकेट और गिरफ्तारियाँ — बड़ा विस्फोटक भंडार बरामद
जांच के दौरान हरियाणा (फरीदाबाद) व जम्मू-कश्मीर पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में कथित तौर पर रैकेट का भंडाफोड़ हुआ, जहाँ से सैकड़ों किलोग्राम विस्फोटक सामग्री और आग्नेयास्त्र बरामद किए गए। अधिकारियों ने बताया कि कुछ किराए के मकानों से अमोनियम नाइट्रेट समेत बम बनाने वाली सामग्रियाँ मिलीं और कई संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है।
कार के स्वामित्व और पुलवामा से कनेक्शन
विस्फोटक कार की रिकॉर्डिंग व मालिकाना हक की जांच के दौरान उसे पुलवामा (दक्षिण कश्मीर) के रहने वाले एक डॉक्टर के नाम से जोड़ा गया — जांच एजेंसियां इस डॉक्टर को विस्फोट से सीधे जोड़ने के संकेत तलाश रही हैं। मामले की गहनता और बरामद सामग्री के आधार पर इसे संगठित मॉड्यूल की बड़ी साजिश माना जा रहा है।
जाँच एजेंसियों की कार्रवाई और संभावित आतंकी कड़ी
अधिकारियों का कहना है कि शुरुआत में मिली जानकारियों से यह आशंका जताई जा रही है कि यह एक योजनाबद्ध—संरचित आतंकी अभियान का हिस्सा हो सकता है; कई एजेंसियां (दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल, NIA के साथ-साथ राज्य पुलिस टुकड़ियाँ) मिलकर केस की तह तक जा रही हैं और अलग-अलग स्थानों पर छापे जारी हैं। कुछ संस्थागत कड़ियाँ जैश-ए-मोहम्मद जैसी प्रतिबंधित संगठनों तक परखने की भी कोशिश की जा रही है, हालांकि अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही सार्वजनिक किया जाएगा।
केंद्र ने जताया शोक — सुरक्षा बढ़ाई गई
प्रधानमंत्री कार्यालय और गृह मंत्रालय ने घटना की गंभीरता को देखते हुए सभी संबंधित एजेंसियों से त्वरित रिपोर्ट मांगी है; प्रधानमंत्री मोदी ने प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। राजधानी व संवेदनशील स्थलों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है तथा पास के राज्यों में भी सतर्कता के निर्देश जारी किए गए हैं।
क्या आगे उम्मीद की जाए — क्या लोग सुरक्षित हैं?
अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर विश्वास न करें और सूचना के लिए आधिकारिक चैनलों का ही अनुसरण करें। वहीं जांच अभी चल रही है; अधिकृत ब्रiefer में ही अब तक की पुष्टि व आगे की कार्रवाई की जानकारी दी जाएगी।










