रायपुर: छत्तीसगढ़ सरकार ने सार्वजनिक सड़कों पर किसी भी प्रकार के निजी आयोजन पर सख्त रोक लगाने का निर्णय लिया है। मुख्य सचिव अमिताभ जैन ने उच्च स्तरीय बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि कोई भी व्यक्ति सड़क पर जन्मदिन, भंडारा, पंडाल या अन्य निजी आयोजन करता है, तो उसके खिलाफ एंटी-एन्क्रोचमेंट एक्ट, मोटर व्हीकल एक्ट, नगर पालिका अधिनियम और भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सड़कें केवल यातायात के लिए, निजी आयोजनों पर सख्ती
मुख्य सचिव ने कहा कि सार्वजनिक मार्गों का उपयोग केवल यातायात के लिए किया जाना चाहिए। सड़कों पर किसी भी निजी कार्यक्रम के आयोजन से यातायात बाधित होता है, जिससे आमजन को परेशानी होती है। उन्होंने सभी प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे आयोजनों को तुरंत रोका जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
उल्लंघन पर वाहन जब्ती और भारी जुर्माना
मुख्य सचिव ने आदेश दिया कि यदि कोई व्यक्ति सड़क पर निजी आयोजन करता है, तो आयोजन में शामिल वाहनों को जब्त किया जाएगा और आयोजकों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। इसके अलावा, जिम्मेदार व्यक्तियों को कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
अवैध आयोजनों पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश
बैठक में निर्णय लिया गया कि सार्वजनिक स्थानों पर किसी भी अवैध आयोजन की सूचना मिलते ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई करनी होगी। इसके लिए पुलिस विभाग को एसओपी (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे ऐसी घटनाओं की रोकथाम की जा सके।
जनजागरूकता अभियान भी चलेगा
जनता को इस नियम की जानकारी देने के लिए जनसंपर्क विभाग को प्रचार अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। विभिन्न मीडिया प्लेटफार्म के माध्यम से नागरिकों को सूचित किया जाएगा कि सड़कों पर निजी आयोजन पूरी तरह से प्रतिबंधित हैं और उल्लंघन करने वालों को सख्त कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
दोबारा उल्लंघन पर अधिकारियों पर भी होगी कार्रवाई
मुख्य सचिव ने चेतावनी दी कि यदि किसी क्षेत्र में इस प्रकार की घटनाएं दोबारा होती हैं, तो संबंधित प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की भी जवाबदेही तय की जाएगी और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
सरकार के इस सख्त रुख के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक सड़कों का दुरुपयोग किसी भी निजी उद्देश्य के लिए नहीं किया जा सकेगा।










