22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले में 26 निर्दोष पर्यटकों की जान जाने के बाद देशभर में रोष फैल गया। इस हमले के तुरंत बाद भारत सरकार ने पाकिस्तान के खिलाफ “ऑपरेशन सिंदूर” की शुरुआत की। इस रणनीतिक कार्रवाई के तहत न केवल सीमापार आतंकियों को निशाना बनाया गया, बल्कि भारत में सक्रिय जासूसी नेटवर्क का भी भंडाफोड़ किया गया।
11 दिनों में 7 जासूस गिरफ्तार, महिला भी शामिल
8 मई से शुरू हुई कार्रवाई में हरियाणा, पंजाब और उत्तर प्रदेश से कुल 7 संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के लिए जासूसी कर रहे थे। इनमें से 2 पंजाब, 4 हरियाणा और 1 उत्तर प्रदेश से पकड़ा गया है। खास बात यह है कि आरोपियों में एक महिला भी शामिल है।
पकड़े गए जासूसों के नाम और ठिकाने:
पंजाब: 2 आरोपी
हरियाणा: नोमान इलाही (पानीपत), अन्य आरोपी (हिसार, नूंह, कैथल से)
उत्तर प्रदेश: शहजाद (रामपुर, टांडा)
शहजाद पर बड़ा आरोप, ISI से था गहरा संबंध
एटीएस ने रामपुर निवासी शहजाद को रविवार रात मुरादाबाद से गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि वह पाकिस्तान की यात्रा कर चुका है और वर्षों से सीमा पार अवैध सामान की तस्करी की आड़ में ISI के लिए काम कर रहा था। शहजाद ISI के कई हैंडलरों से संपर्क में था और देश की सुरक्षा से जुड़ी संवेदनशील जानकारी साझा करता था। साथ ही, वह एजेंट्स को फंडिंग भी करता था।
देशभर की सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
इन गिरफ्तारियों के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने चौकसी और बढ़ा दी है। सीमावर्ती इलाकों के साथ-साथ आंतरिक सुरक्षा पर भी नजर रखी जा रही है। ऑपरेशन सिंदूर के तहत आगे और भी बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
यह कार्रवाई साफ संकेत देती है कि भारत अब आतंकी साजिशों और देशद्रोही गतिविधियों को जड़ से खत्म करने के लिए पूरी ताकत के साथ मैदान में है।










