कोरबा/ लंबे समय से स्टाफ की कमी से जूझ रही पाली थानांतर्गत चैतमा चौकी को आखिरकार बड़ी राहत मिली है। पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी के निर्देश पर चौकी में दो नए पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।
अब तक चौकी प्रभारी के रूप में एक सहायक उपनिरीक्षक, तीन प्रधान आरक्षक और दो आरक्षकों के सहारे पूरे 27 गांवों की सुरक्षा और शांति व्यवस्था का जिम्मा निभाया जा रहा था। इनमें से भी दो जवान डायल-112 की ड्यूटी में व्यस्त रहते थे, जिसके कारण बाकी तीन पुलिसकर्मियों पर अत्यधिक कार्यभार आ जाता था। नतीजा यह होता कि किसी भी घटना पर तुरंत कार्रवाई करना चुनौतीपूर्ण बन जाता था और कार्यक्षमता प्रभावित होती थी।
क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने बार-बार चौकी में स्टाफ बढ़ाने की मांग रखी थी। इस पर गंभीर संज्ञान लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने त्वरित निर्णय लिया और अतिरिक्त स्टाफ की तैनाती सुनिश्चित की।
नए जवानों के जुड़ने से चौकी का मनोबल बढ़ा है। अब चौकी प्रभारी और जवान मिलकर न केवल अपराध पर नियंत्रण करने में सक्षम होंगे, बल्कि आम जनता को भी अधिक बेहतर पुलिसिंग सेवाएं मिल सकेंगी।
क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने इस निर्णय के लिए एसपी सिद्धार्थ तिवारी का आभार व्यक्त किया है।
गौरतलब है कि एसपी तिवारी अपने संवेदनशील और तेज़-तर्रार कार्यशैली के लिए जाने जाते हैं। वे अवैध गतिविधियों पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाते हुए लगातार सख्त कार्रवाई कर रहे हैं। उन्होंने सभी थाना-चौकी प्रभारियों को फरियादियों की शिकायत गंभीरता से सुनने, महिलाओं-बच्चों-बुजुर्गों से जुड़े मामलों में तुरंत संवेदनशील कार्रवाई करने और लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं।
साथ ही, उन्होंने गश्त व्यवस्था मजबूत करने, आमजन के साथ समन्वय बढ़ाने, अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी और सड़क सुरक्षा के लिए मोटर व्हीकल एक्ट के तहत जनजागरूकता अभियान चलाने पर भी जोर दिया है।
एसपी का मानना है कि जनता की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और संवेदनशील मामलों में देरी अपराधियों का मनोबल बढ़ा सकती है। यही कारण है कि वे अधीनस्थ पुलिस बल को हमेशा प्रेरित करते रहते हैं और उनकी समस्याओं के समाधान हेतु आवश्यक कदम भी उठाते हैं।









