बिलासपुर। डीपी विप्र पीजी महाविद्यालय के बीएससी द्वितीय वर्ष के छात्रों में परीक्षा परिणाम को लेकर भारी असंतोष देखने को मिल रहा है। अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय द्वारा 16 जुलाई को घोषित परिणाम में बॉटनी और जूलॉजी विषयों में 80 प्रतिशत से अधिक छात्र-छात्राओं को अनुत्तीर्ण घोषित कर दिया गया, जिससे छात्रों में रोष व्याप्त है।
छात्रों का कहना है कि उन्होंने परीक्षाओं में उत्तर सही ढंग से लिखे थे, बावजूद इसके उन्हें अनुतीर्ण कर दिया गया। कॉलेज की छात्राएं नैना तिवारी और साक्षी मरकाम, जो प्रथम वर्ष में टॉपर रही थीं, ने इस परिणाम को चौंकाने वाला और अनुचित बताया।
इस मुद्दे को लेकर छात्रों ने आशीर्वाद पैनल के साथ मिलकर विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक तरुणधर दीवान और परीक्षा प्रभारी रामेश्वर राठौर से मुलाकात की और मूल्यांकन में गड़बड़ी की शिकायत करते हुए ज्ञापन सौंपा।
छात्र श्रीजन यादव, दिव्यांशु यादव और नीशांत मरावी ने आरोप लगाया कि परीक्षा परिणाम को जानबूझकर प्रभावित किया गया है, जिससे डीपी विप्र महाविद्यालय की छवि को नुकसान पहुंचे और छात्र कॉलेज छोड़ने को मजबूर हो जाएं।
छात्रों ने मांग की है कि उत्तरपुस्तिकाओं की पुनः जांच कर निष्पक्ष मूल्यांकन कराया जाए, ताकि उन्हें न्याय मिल सके। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले की जांच करने का आश्वासन दिया है।








