पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को केंद्र सरकार और बीजेपी पर तीखा हमला बोलते हुए चेतावनी दी कि अगर उन पर किसी तरह का प्रहार हुआ तो वह “पूरा भारत हिला देंगी।” वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को लेकर जारी विवाद के बीच ममता ने कहा कि उन्हें राजनीतिक रूप से निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि वे कार्यक्रम में हेलीकॉप्टर से पहुंचने वाली थीं, लेकिन सुबह अचानक सूचना दी गई कि हेलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर पाएगा। इसे उन्होंने एक सुनियोजित साजिश बताया। ममता के अनुसार चुनाव से पहले ही “टकराव के हालात” पैदा किए जा रहे हैं, इसलिए वे पैदल चलते हुए जनता के बीच से कार्यक्रम स्थल तक पहुंचीं।
“बीजेपी कभी बंगाल नहीं जीत पाएगी”—ममता
मतुआ बहुल क्षेत्रों में आयोजित रैली में ममता बनर्जी ने बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा कि SIR के नाम पर उन्हें और उनकी पार्टी को दबाव में लेने की कोशिश हो रही है। उन्होंने दावा किया कि “बीजेपी चाहकर भी बंगाल को जीत नहीं सकती” और टीएमसी किसी भी तरह की उत्पीड़न की राजनीति नहीं सहेगी।
ममता ने SIR को “पीछे के दरवाजे से एनआरसी लागू करने की कोशिश” करार दिया। उन्होंने कहा कि घुसपैठ को लेकर फैलाए गए दावे राजनीतिक लाभ के लिए गढ़े गए हैं। उनके मुताबिक, “यदि कोई घुसपैठिया आया है, तो यह भी पूछा जाना चाहिए कि उन्हें अंदर आने दिया किसने?”
चुनाव आयोग ने मांगा स्पष्टीकरण
SIR को लेकर बढ़ते विवाद के बीच चुनाव आयोग ने ममता बनर्जी को पत्र भेजकर इस मुद्दे पर स्पष्टीकरण मांगा है। आयोग ने टीएमसी प्रतिनिधिमंडल को 28 नवंबर को मीटिंग के लिए तलब किया है, जहां पार्टी अपना पक्ष रखेगी।
टीएमसी का आरोप है कि वोटर लिस्ट में विशेष संशोधन की यह प्रक्रिया “राजनीतिक दबाव बनाने और चुनावी माहौल प्रभावित करने” का प्रयास है। वहीं बीजेपी ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा है कि ममता की “बेचैनी और निराशा” ही ऐसे बयानों की वजह है।










