छत्तीसगढ़ में मौसम एक बार फिर कहर बनकर टूटा है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के चलते प्रदेश के कई इलाकों में तेज आंधी, बारिश और ओलों की बौछार हुई। बेमेतरा जिले में इस बदले मौसम ने दो लोगों की जान ले ली। वहीं, रायपुर मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य के 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए अगले तीन दिनों तक आंधी, बारिश और ओले गिरने की चेतावनी दी है।
बेमेतरा में जानलेवा तूफान, रायपुर में भारी नुकसान
गुरुवार शाम को मौसम का मिजाज अचानक बदला और तेज हवाओं के साथ झमाझम बारिश हुई। रायपुर, बेमेतरा, दुर्ग, बिलासपुर समेत कई जिलों में 60 से 74 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
राजधानी रायपुर के देवेंद्र नगर इलाके में तेज आंधी के कारण एक शेड गिर गया, जिससे कई गाड़ियां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। जेसीबी मशीन की मदद से मलबा हटाया गया। आंधी के चलते कई इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई, जिससे लोग परेशान रहे।
IMD ने जारी किया अलर्ट, अगले तीन दिन सावधान रहने की जरूरत
रायपुर स्थित भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने प्रदेश के 12 जिलों — रायपुर, बेमेतरा, दुर्ग, बिलासपुर, राजनांदगांव, कबीरधाम, महासमुंद, बालोद, गरियाबंद, बलौदाबाजार, धमतरी और कोरबा — में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आने वाले तीन दिनों तक तेज हवाएं, गरज-चमक के साथ बारिश और ओले गिरने की संभावना बनी हुई है।
कृषि और आम जनजीवन पर असर
अचानक बदले मौसम का सबसे ज्यादा असर किसानों पर पड़ रहा है। खेतों में खड़ी फसलें और तैयार उपज को नुकसान पहुंचा है। वहीं, रोजमर्रा के कार्यों में बाधा और बिजली कटौती से लोग परेशान हैं।









