बिलासपुर । बिलासपुर रेल हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। इस दुर्घटना में सक्ती जिले की बहेराडीह निवासी 20 वर्षीय प्रिया चंद्रा की दर्दनाक मौत हो गई। प्रिया गुरु घासीदास विश्वविद्यालय में बीएससी अंतिम वर्ष की होनहार छात्रा थी और आगे उच्च शिक्षा के सपने संजोए हुए थी। हादसे के बाद वह बोगी के मलबे में फंसी रही, जिसके चलते 12 घंटे तक रेस्क्यू अभियान चलता रहा। गैस कटर से बोगी को काटकर उसका शव बाहर निकाला गया तो वहां मौजूद हर आंख नम हो उठी।
परिवार पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। माता-पिता और गांव के लोग उसकी यादों में डूबे हैं। प्रिया को पढ़ाई, संस्कार और सरल स्वभाव के लिए जाना जाता था। उसकी मौत से साथ पढ़ने वाले छात्र भी स्तब्ध हैं।
एक उजला भविष्य अंधेरे में खो गया…
सपनों की रोशनी अचानक बुझ गई।









