भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज से छह दिवसीय अफ्रीकी दौरे पर रवाना होंगी। इस दौरान वह अंगोला और बोत्सवाना की यात्रा करेंगी। यह दोनों देशों में किसी भारतीय राष्ट्रपति की पहली आधिकारिक यात्रा होगी, जो भारत और अफ्रीकी देशों के बीच मजबूत हो रहे संबंधों का संकेत माना जा रहा है। इस दौरे का उद्देश्य कूटनीतिक, आर्थिक और सांस्कृतिक साझेदारी को नई दिशा देना है।
अंगोला में महत्वपूर्ण मुलाकातें और संबोधन
यात्रा की शुरुआत राष्ट्रपति मुर्मू अंगोला से करेंगी। वहां पहुंचने पर वह अंगोला के राष्ट्रपति से मुलाकात कर द्विपक्षीय मुद्दों पर वार्ता करेंगी। दोनों देशों के बीच राजनीतिक सहयोग, व्यापार, रक्षा और विकास परियोजनाओं पर चर्चा होने की संभावना है। बातचीत के दौरान कई नए समझौते और संयुक्त पहल पर हस्ताक्षर भी किए जाएंगे।
राष्ट्रपति मुर्मू 11 नवंबर को अंगोला की स्वतंत्रता के 50 वर्ष पूरे होने पर आयोजित स्वर्ण जयंती समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। इस समारोह में वे दोनों देशों की मित्रता और स्वतंत्रता संग्राम की भावनाओं पर अपने विचार व्यक्त करेंगी।
इसके अलावा राष्ट्रपति मुर्मू अंगोला की संसद को भी संबोधित करेंगी, जहां वे भारत-अफ्रीका साझेदारी और वैश्विक मंच पर दोनों देशों की भूमिका पर प्रकाश डालेंगी। अंगोला में बसे भारतीय मूल के नागरिकों और समुदायों से वे सीधे संवाद भी करेंगी।
बोत्सवाना में बढ़ेगा आर्थिक और सांस्कृतिक सहयोग
अंगोला यात्रा के बाद राष्ट्रपति मुर्मू बोत्सवाना जाएंगी। यहाँ उनका ध्यान व्यापार, शिक्षा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में सहयोग मजबूत करने पर होगा। बोत्सवाना में कई उच्च-स्तरीय मुलाकातें और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।










