बिलासपुर। शहर से सटे नगरिया कलां गांव में चोरों ने एक बंद मकान को निशाना बनाकर करीब तीन लाख रुपये के माल पर हाथ साफ कर दिया। इस घटना से गांव में दहशत का माहौल बन गया है, क्योंकि दो दिनों के भीतर यह दूसरी चोरी की वारदात है।
जानकारी के अनुसार, नगरिया कलां के मझरा निवासी जितेंद्र कुमार गुरुवार रात अपनी पत्नी रानी देवी के साथ मनकरा गांव किसी रिश्तेदार के यहां गए हुए थे। घर पर ताला लगा हुआ था। शुक्रवार तड़के जब वे वापस लौटे तो मुख्य दरवाजे के ताले टूटे मिले और घर का सारा सामान अस्त-व्यस्त मिला। अलमारी और संदूक के ताले भी टूटे हुए थे।
जितेंद्र कुमार ने बताया कि चोरों ने लगभग दो लाख रुपये के सोने-चांदी के आभूषण और 80 हजार रुपये नकद समेत करीब तीन लाख रुपये का सामान चुरा लिया। घटना की जानकारी मिलते ही मोहल्लेवासी भी मौके पर एकत्र हो गए। पीड़ित ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही उपनिरीक्षक रामवीर राठी पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की। हालांकि, प्रभारी निरीक्षक बलवान सिंह का कहना है कि अभी तक पीड़ित की ओर से कोई लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है, तहरीर मिलने पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
ग्रामीणों ने बताया कि चोर बंद मकानों को ही निशाना बना रहे हैं। पहले वे इलाके की रेकी करते हैं और फिर मौका पाकर वारदात को अंजाम देते हैं। दो दिनों में दो चोरियों ने गांव में असुरक्षा का माहौल पैदा कर दिया है।
उधर, शहर में बढ़ती चोरी की वारदातों को लेकर कोतवाली पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। अब तक न तो किराना व्यापारी के प्रतिष्ठान में हुई 20 लाख रुपये की चोरी का खुलासा हो पाया है और न ही बुधवार रात हुई चोरी का कोई सुराग मिला है।
ग्रामीणों और शहरवासियों का कहना है कि पुलिस की लापरवाही और गश्त की कमी के कारण चोरों के हौसले बुलंद हैं। लोग लगातार हो रही घटनाओं से भयभीत हैं और जल्द से जल्द कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।








