छत्तीसगढ़ से होकर गुजरने वाली ट्रेनों में अब टिकट चेकिंग पहले से ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित होगी। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के बिलासपुर मंडल ने टिकट निरीक्षकों के व्यवहार और कार्यप्रणाली में सुधार लाने के उद्देश्य से एक बड़ी पहल की है। अब मंडल के 50 टिकट चेकिंग कर्मचारियों को बॉडी वार्न कैमरे प्रदान किए गए हैं, जिससे वे अपनी ड्यूटी के दौरान कैमरे की निगरानी में रहेंगे।
इस कदम का उद्देश्य रिश्वतखोरी जैसी घटनाओं पर लगाम लगाना और यात्रियों के साथ किसी भी प्रकार की दुर्व्यवहार की स्थिति में पुख्ता साक्ष्य उपलब्ध कराना है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनुराग कुमार सिंह की अगुवाई में आयोजित एक विशेष बैठक में इन कैमरों का वितरण किया गया और कर्मचारियों को इसके प्रयोग संबंधी दिशा-निर्देश दिए गए।
अनुराग सिंह ने बताया कि बॉडी वार्न कैमरे से न केवल टिकट जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी, बल्कि किसी भी विवाद की स्थिति में ये कैमरे सच्चाई का साक्ष्य भी बनेंगे। उन्होंने सभी कर्मचारियों को यात्रियों के प्रति संवेदनशील, मर्यादित और सहयोगी रवैया अपनाने की भी सख्त हिदायत दी।
रेलवे प्रशासन का मानना है कि यह तकनीकी कदम यात्रियों और रेल कर्मचारियों के बीच विश्वास बढ़ाएगा और रेल यात्रा को अधिक सुरक्षित और भरोसेमंद बनाएगा।








