छत्तीसगढ़ में अब मौसम का रुख बदलने लगा है। उत्तर-पूर्व बंगाल की खाड़ी और आसपास के इलाकों में बना निम्न दबाव क्षेत्र कमजोर पड़ गया है, जिसके चलते प्रदेश में हवा शुष्क और आसमान साफ रहने लगा है। मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के अनुसार, बस्तर संभाग के कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी या गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। हालांकि, इसके बाद पूरे प्रदेश में मौसम पूरी तरह शुष्क रहेगा।
विशेषज्ञों ने बताया कि आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज होने की संभावना है। इससे सुबह और रात के समय ठंड का असर और अधिक महसूस होगा। उत्तर छत्तीसगढ़ में ठंड पहले ही दस्तक दे चुकी है, जबकि 7 नवंबर से मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ में भी तापमान गिरने लगेगा।
बुधवार को रायपुर में अधिकतम तापमान 31.1 और न्यूनतम 21.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से थोड़ा अधिक रहा। वहीं, अंबिकापुर प्रदेश में सबसे ठंडा स्थान बना, जहां न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।
अगले चार दिन बारिश की संभावना नहीं मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार दिनों तक पूरे प्रदेश में बारिश नहीं होगी। दिन में हल्की गर्मी जबकि रात में ठंडी हवाएं चलने से ठंडक बढ़ती जाएगी। उत्तर भारत से आने वाली ठंडी हवाओं का प्रभाव अब छत्तीसगढ़ में भी दिखने लगा है।









