बिलासपुर/स्वराज जयसवाल की विशेष रिपोर्ट।
बिलासपुर से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहां इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे एक आरक्षक की जिंदगी बचाने के बजाय इलाज ही उसकी मौत की वजह बन गया।
छत्तीसगढ़/ बिलासपुर में उस वक्त मातम छा गया, जब एक आरक्षक की इलाज के दौरान मौत हो गई। बताया जा रहा है कि आरक्षक पथरी के ऑपरेशन के लिए श्रीराम केयर हॉस्पिटल में भर्ती हुआ था। परिजनों की मानें तो ऑपरेशन के बाद उसकी हालत अचानक बिगड़ने लगी, लेकिन समय पर सही उपचार और जांच नहीं मिलने के कारण उसकी जान चली गई।

“जैसे ही मौत की खबर परिजनों तक पहुंची, अस्पताल परिसर में आक्रोश फूट पड़ा। बड़ी संख्या में पहुंचे परिजन और परिचितों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि पुलिस को मौके पर पहुंचकर हालात संभालने पड़े।”

परिजनों का साफ कहना है कि अगर समय पर सही इलाज और निगरानी मिलती, तो आज उनके अपने की जान बच सकती थी। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग।
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के असली कारणों का खुलासा हो पाएगा। लेकिन इस घटना ने एक बार फिर स्वास्थ्य व्यवस्था और अस्पतालों की जवाबदेही पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।










