सुशासन तिहार बना बदलाव की मिसाल: दिव्यांग रमेश को मिली मनरेगा मेट की जिम्मेदारी, झलकी खुशी और आत्मनिर्भरता की चमक

Spread the love

कोरबा पोड़ी उपरोड़ा : छत्तीसगढ़ में सुशासन तिहार 2025 केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जनसरोकारों की सुनवाई और उनके समाधान की एक सशक्त पहल बनकर उभरा है। इसका जीवंत उदाहरण हैं ग्राम पंचायत अटारी के दिव्यांग रमेश कुमार, जिनके जीवन ने इस अभियान के जरिए नई दिशा और नई उड़ान पाई है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर 8 अप्रैल से 31 मई तक तीन चरणों में आयोजित सुशासन तिहार का उद्देश्य है – जनसमस्याओं का त्वरित और संवेदनशील समाधान। इसी क्रम में, रमेश कुमार ने पहले चरण में मनरेगा के तहत मजदूरी के लिए जॉब कार्ड की मांग की थी।

15 मई को सिरमिना में लगे शिविर में रमेश की मांग पर तत्काल कार्रवाई करते हुए जनपद अधिकारियों ने उसे जॉब कार्ड सौंपा। जब अधिकारियों ने जानना चाहा कि रमेश किस उद्देश्य से मनरेगा में काम करना चाहता है, तो उसने कहा—“मैं 12वीं पास हूं और मेहनत से अपनी रोजी-रोटी कमाना चाहता हूं। यदि मुझे पंचायत से जुड़ा स्थायी कार्य मिल जाए तो मेरा जीवन सुधर सकता है।”

रमेश की ईमानदारी और आत्मनिर्भरता की भावना से प्रभावित होकर, जनपद कार्यक्रम अधिकारी दिलीप कुमार मेहता ने मौके पर ही उसे मनरेगा योजना में मेट की जिम्मेदारी सौंप दी। इस सम्मानजनक भूमिका को पाकर रमेश की आंखों में आत्मविश्वास और खुशी साफ झलक रही थी।

रमेश ने कहा, “यह सिर्फ एक नौकरी नहीं, बल्कि मेरे परिवार के लिए स्थिर आय और सम्मान का जरिया है। सरकार और प्रशासन सच में हमारी आवाज सुन रही है।” उसने मुख्यमंत्री, जनपद अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों का हृदय से आभार जताया।

गांव में मजदूरी कर जीवन यापन करने वाले रमेश के लिए यह अवसर किसी उपलब्धि से कम नहीं। सुशासन तिहार ने यह साबित किया है कि जब प्रशासन और शासन संवेदनशील हो, तो आमजन के जीवन में बदलाव लाना संभव है।

Related Posts

राज्यस्तरीय फुटबॉल में चमके ग्राम खरवत के निलेश कुमार प्रजापति, अंडर-14 में चयन से क्षेत्र में खुशी

Spread the love

Spread the love    कोरिया/बैकुंठपुर। विशेष रिपोर्ट।   छत्तीसगढ़िया ओलंपिक में भी दिखा चुके हैं शानदार खेल कौशल, 0 से 18 वर्ष आयु वर्ग में बांटी खेल में हासिल किया…

सरगुजा में पत्रकारों पर दबाव और चरित्र-हनन का मामला पहुंचा राजधानी रायपुर, सीएम से उच्चस्तरीय जांच की मांग  

Spread the love

Spread the love    रायपुर (छत्तीसगढ़) विशेष रिपोर्ट।     सरगुजा संभाग और अंबिकापुर क्षेत्र में पत्रकारों तथा सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स पर लगातार बढ़ रहे दबाव, चरित्र-हनन, धमकी और फर्जी…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!